प्रभु तेरी शरण

    प्रभु तेरी शरण

    <p><strong>"प्रभु तेरी शरण, प्रभु तेरी शरण, प्रभु तेरी शरण मैं आया हूँ"</strong> एक अत्यंत भावपूर्ण और आत्मसमर्पण से ओत-प्रोत भजन है। इस भजन में भक्त अपने जीवन की कठिनाइयों, मोह-माया, कर्मों के बंधन और संसार के भ्रमों से थककर भगवान की शरण में आता है। वह स्वीकार करता है कि अपनी शक्ति से वह जीवन-सागर को पार नहीं कर सकता, इसलिए प्रभु के चरणों में आश्रय मांगता है।</p><p>यह भजन पूर्ण समर्पण, विनम्रता, पश्चाताप और ईश्वर पर अटूट विश्वास का संदेश देता है। इसमें भक्त अपने जीवन की वास्तविक स्थिति को समझते हुए भगवान से कृपा और उद्धार की प्रार्थना करता है।</p>

    Frequently Asked Questions